Posts
Showing posts from June, 2026
परियों की रानी
- Get link
- X
- Other Apps
परियों की रान ी Writer Gopal Singh Mo,6398347628 ख़्वाहिश चाह जिगर में छाई! रब का अदब दिया फ़रमाई! गहरा ज़ख़्म दिले वीरानी! कहाॅं गई परियों की रानी ! डोर प्रेम ग़ुलफ़ाम लगाई! होश हवास दिए बिसराई! देखा हुस्न तुम्हारा जब से सब्र नहीं है दिल को तब से तेरी याद ग़ज़ल फ़रमाऊॅं मर्ज़ी मर्सिम तब अपनाऊॅं डूब मोहब्बत दिल ग़हराई! फिर भी हाथ लगी रुष्वाई! रूठ मोहब्बत गई हमारी! नहीं मिलन है जिगर क़रारी! तुम्हें पुकारूॅं यार जिगर से! करो रिहायत मुझे फ़िक़र से! दिले क़िनायत छुपी हुई है! शांस आख़री रुकी हुई है! जपे नाम हर शाॅंस हमारी! दिखला दे दीदार पियारी! जन्नत सफ़र तभी कर पाऊॅं! तुझको देख जिगर हरषाऊॅं! तेरी बिरह प्राण छुट जाए! बैठा ख़ुदा फ़लक़ मुस्क़ाए! इश्क़ इज़ार शबाव झलकता! हिज़रत में दिन रात तड़फ़ता! समझाया दिल नहीं समझता! जैसे शब मेहताब निकलता! इश्क़ मयस्सर सितम ख़ुमारी! पल-पल दिल से दुख़्त पुकारी! इश्क़ इबारत ख़ुदा वफ़ाई! दस्तावेज़ लिखा फ़रमाई! रहे जगत तहसीन फ़साना इश्क़ मोहब्बत ये नज़राना! वीरान तसव्वुर मैं ...
दिल का रिश्ता
- Get link
- X
- Other Apps
दिल का रिश्ता Writer Gopal Singh Mo,6398347628 1. दिल का रिश्ता जोड़ करके तो देख|| किसी के दिल में उतर करके तो देख|| कोई तुझे अपना बना ही लेगा|| किसी को तू अपना बना करके तो देख!! दिल का रिश्ता जोड़ कर के तो देख|| 2.तेरा नसीब भी तुझे मिल जायेगा|| कोई ग़ैर भी तेरा हो जायेगा|| मिलैं ग़म ग़र मोहब्बत में घवराना नहीं|| बिगड़ी तक़दीर को ग़ले लगा करके तो देख|| दिल का रिश्ता जोड़ कर के तो देख|| 3.करले तौबा निज ग़ुनाहों से|| देखले जगत को पिघलती निग़ाहों से|| बख़्श देगा ख़ुदा जग़ह ज़न्नत में तेरे लिए|| किसी को प्यार से ग़ले लगा करके तो देख|| दिल का रिश्ता जोड़कर के तो देख|| 4.तक़दीर भी ख़ुल जायेगी तेरी|| बिगड़ी भी बन जायेगी तेरी|| हैरत में दिल को लाना नहीं कभी यार|| दो बोल प्यार के किसी से बोल करके तो देख|| दिल का रिश्ता जोड़ कर के तो देख|| 5.हो गया रुशवाह तू ज़माने में|| नैया पड़ी है तेरी मज़धार के ख़जाने में||| ख़ुल जायेगा अल्लाह का दर तेरे लिए|| अपनी ग़लतियों का ऐहसास करके तो देख|| दिल का रिश्ता जोड़ कर के तो देख|| 6,ऐहसान करले दूसरों पर बन्दे|| छोड़कर जगत के तू सभी धन्दे|| सुनेगा ...